मोहम्मद बिन तुगलक

हम सभी ने “तुगलकी फरमान” वाले मुहावरे का या तो कभी ना कभी प्रयोग किया है, या इसे सुना तो अवश्य है इस मुहावरे का संबंध सल्तनत काल के मशहूर शासक मोहम्मद बिन तुगलक से है इसके अतिरिक्त एक अन्य मशहूर कहावत दिल्ली दूर है का भी संबंध मोहम्मद बिन तुगलक से ही है ! … Read more

अलाउद्दीन खिलजी

इतिहास में अलाउद्दीन खिलजी की पहचान क्रूर और कठोर शासक के रूप में की गई है ! उसने हिंदू जनता पर बहुत ज्यादा अत्याचार किया, हिंदुओं के घर नष्ट कर देना; उनकी जमीन जप्त कर लेना साथ ही उन्हें जबरदस्ती मुसलमान बनाना या फिर मुस्लिम धर्म न ग्रहण करने पर  मौत के घाट उतार देना … Read more

मालिक कफूर

     समाज में हमेशा ही एक्स जेंडर या थर्ड जेंडर के लोगों के साथ भेदभाव किया है , साथ ही उन्हें समाज पर बोझ के रूप में देखा है,और समाज ने उन्हें हमेशा ही बहिष्कृत किया है, लेकिन इतिहास में कई ऐसे एक्स जेंडर हुए हैं जिन्होंने अपनी योग्यता और बुद्धिमानी से इतिहास में एक … Read more

Goncha Festival in Bastar

बस्तर दशहरा के बारे में विस्तार से मैंने अपने ब्लॉग में चर्चा की है , बस्तर में मनाया जाने वाला दशहरा कई मायनों में अन्य त्योहारों से जुदा है दृ इस बारे में ज्यादा जानकारी के लिए कृपया  बस्तर दशहरा  ब्लॉग पढिये बस्तर जिले में दशहरा के बाद जिस पर्व का बेसब्री से इंतजार होता … Read more

Maharaj Pravir Chand Bhanj Dev

बस्तर के इतिहास के बारे में बहुत सारी जानकारी तत्कालीन महाराजा प्रवीरचंद्र भंजदेव की लिखी पुस्तकें बताती हैं । जिनमें लोहंडीगुड़ा तरंगिनी जो 104 पृष्ठ का है तथा एक अन्य किताब आई प्रवीर दी आदिवासी गाॅड है । 200 पृष्ठों की लिखी ये पुस्तकें प्रवीर चंद्र भंजदेव के राजनीतिक विचारों को दर्शाती है। महाराजा के … Read more

बस्तर दशहरा

बस्तर में दशहरे का इतिहास 612 वर्ष पुराना है। आस्था और परस्पर सहायोग का प्रतीक बस्तर दशहरे की शुरूआत 1408 में काकतीय महाराजा पुरषोत्तम देव ने की थी । इसमें खास बात यह है कि यह त्यौहार राम की रावण पर विजय के प्रतीक के रूप में नहीं मनाई जाती है। तो फिर क्यों मनाई … Read more

Rulers of Bastar

विभिन्न प्रतियोगिता परीक्षा की तैयारियों के लिए मिले सामग्रियों की तमाम जानकारियां इकठ्ठा करने के बाद जो निकल आया है उसे मैने एक जगह समेटने का प्रयास किया है । प्रस्तुत ब्लाॅग में दी गई ज्यादातर आंकडे व जानकारियों स्थानीय साहित्यकार, लेखक और विचारकों के हैं । जिसे मैने लिपि बद्ध की है। जैसे पं. … Read more

Bodhghat Project

बस्तर जिले में नगरनार स्टील प्लांट और बोधघाट परियोजना एसी आद्योगिक इकाईयां हैं बस्तर संभाग में हैं और लोग उनके बारे में काफी जानना चाहते हैं । नगरनार जो जगदलपुर शहर से महज 18 किमी दूर उड़िसा रोड पर है। तो बोधघाट परियोजना गीदम से महज 20 किमी दूर बारसूर नामक एक एतिहासिक नगरी पर … Read more

बस्तर में भूमकाल

15 अगस्त को पूरा देश आजादी की वर्षगांठ मनाता है, हमें अनगिनत कुर्बानियों के बाद 200 साल की गुलामी से आजाद हुए, ब्रिटिश अन्याय का डटकर मुकाबला किया आज की पीड़ी शायद गुंडाधुर के नाम से परिचित होगी। क्योंकि कई शैक्षणिक संस्थाएं और संगठन इस नाम से चल रहीं हैं। आईए जानते हैं कौन थे … Read more

Nag Dynasty In Bastar

प्रारंभिक इतिहास बस्तर में काकतीय वंश के पहले नाग वंश का शासन था। बस्तर के बारे में पूरा इतिहास जानने के लिए नागवंशों के बारे में जानना जरूरी है। बस्तर में नागवंशीय शासकों की दो शाखाएं थीं इनके अपने चिन्ह थे प्रथम शाखा का चिन्ह शावक संयुक्त व्याघ्र था तो दूसरी शाखा का चिन्ह कमल-कदली … Read more