डेल्टा किसे कहते हैं | डेल्टा का निर्माण क्यों और कैसे होता है, डेल्टा के प्रकार, सुंदरबन डेल्टा |

डेल्टा किसे कहते हैं

 

इस लेख मे |

  1 ) डेल्टा किसे कहते हैं

  2) डेल्टा का निर्माण क्यों और कैसे होता है

  3) भारत की नदियों का डेल्टा

  4) डेल्टा के लाभ

  5) डेल्टा के प्रकार

  6) विश्व के कुछ प्रमुख डेल्टा

 1) डेल्टा किसे कहते हैं :-

जब नदियां समुद्र से मिलती हैं तो अपने साथ बहाकर लाई गई गाद, मिट्टी, कंकड़, पत्थर को समुद्र के मुहाने पर जमा करती जाती है, लंबे समय के बाद यही अवशेष एक आकार लेने लगता है जिसे डेल्टा कहा जाता है |

इस लेख में हम जानने का प्रयास करेंगे कि डेल्टा किसे कहते हैं।

डेल्टा नाम इसके आकार के कारण दिया गया है | ग्रीक अक्षर Δ (डेल्टा) से यह नाम लिया गया है जो इसके आकार का प्रतिनिधित्व करता है |

सर्वप्रथम नील नदी के डेल्टा के लिए इस शब्द का प्रयोग हुआ और नील नदी के डेल्टा का आकार Δ (डेल्टा ) से लगभग मिलता-जुलता ही है | आगे इस लेख मे जानने का प्रयास करेंगे की डेल्टा किसे कहते हैं |

2) डेल्टा का निर्माण क्यों और कैसे होता है :-

नदियों का उद्गम पहाड़ियों के ऊपर समुद्र तल से एक निश्चित ऊंचाई पर होता है उद्गम के पश्चात पहाड़ियों पर नदियों का वेग अधिकतम होता है जहां नदियां अपने प्रवाह से पहाड़ों का अपरदन करती हैं और अपने

साथ कंकड़ पत्थर मिट्टियों को घोलकर आगे प्रवाहित होती है |

जब नदियां मैदानों में प्रवेश करती हैं तो उनका वेग कम हो जाता है, और वह अपने साथ बहा कर लाई गई मिट्टियों को अपने किनारों पर जमा करती जाती है जिससे विशालकाय मैदानों और तट बंधो का निर्माण होता है।

मैदानों में भी नदियां धीमी रफ्तार से आगे बढ़ती रहती है पर जब वे समुद्र से मिलती हैं तो, उनकी गति न्यूनतम या बहुत धीमी हो जाती है तो वह अपने साथ पहाड़ों और मैदानों से बहा कर लाई गई मिट्टी कंकड़ पत्थर को आगे बढ़ाने में असमर्थ हो जाती है और उसे अपने समुद्री मुहाने पर जमा करती जाती है जो कालांतर मे भू भाग का आकार ले लेता है, इस प्रकार डेल्टा का निर्माण होता है।

3) भारत की नदियों का डेल्टा :-

भारत में बहने वाली नदियों को दो भागों में बांटा जा सकता है

i ) बंगाल की खाड़ी में गिरने वाली नदियां और

ii ) अरब सागर में गिरने वाली नदियां भारत की अधिकांश नदियों का जल बंगाल की खाड़ी में जाता है।

भारत की नदियों द्वारा डेल्टा के निर्माण के पैटर्न को यदि देखें तो बंगाल की खाड़ी में गिरने वाली अधिकांश नदियों के डेल्टा का आकार विशाल है।

वहीं अरब सागर में गिरने वाली नदियों द्वारा डेल्टा का निर्माण नहीं होता और यदि होता भी है तो डेल्टा का आकार प्रभावशाली नहीं है अर्थात बहुत ही छोटे आकार के डेल्टा का निर्माण अरब सागर में गिरने वाली नदियां करती हैं।

उदाहरण के तौर पर गंगा और गोदावरी के विशाल डेल्टा को देखा जा सकता है | यह नदियां बंगाल की खाड़ी में अपना जल प्रवाहित करती हैं | जबकि अरब सागर में गिरने वाली नर्मदा और ताप्ती का डेल्टा बहुत ही छोटे आकार का है |

4) डेल्टा के लाभ :-

नदियों द्वारा निर्मित इस विशेष स्थलाकृति का प्रकृति और मनुष्यों के लिए विशेष महत्व है डेल्टा के लाभ को निम्न बिंदुओं में रेखांकित किया जा सकता है |

i ) विशालकाय डेल्टा एक अलग तरह के इकोसिस्टम को जन्म देते हैं जिनमें कई प्रकार के जीव जंतुओं और वनस्पति की               प्रजातियों का विकास और आवास होता है |

ii ) डेल्टा के भूभाग पर प्रत्येक वर्ष नदियों द्वारा नई मिट्टी की परत का जमाव होता है जिससे यह भूभाग अत्यंत उपजाऊ और          कृषि के उपयुक्त हो जाता है।

iii ) डेल्टा के इकोसिस्टम में मैंग्रोव नामक वनस्पति का विस्तार होता है जो ज्वार भाटा के प्रभाव को नियंत्रित करती है साथ ही        समुद्र में उठने वाले तूफानों से डेल्टा और समुद्र से लगे भूभाग की रक्षा भी करती है

5) डेल्टा के प्रकार :-

प्रत्येक नदी का डेल्टा अपने आकार प्रकार में भिन्न है जो नदी के वेग वातावरण आकार भू सतही संरचना आदि पर निर्भर होती है। मुख्य रूप से डेल्टा के निम्न प्रकार होते हैं |

A )चापाकार डेल्टा ( Arcuate Delta)

धनुष की आकृति के इस तरह के डेल्टा का विस्तार मध्य में सर्वाधिक होता है। इस आकार के डेल्टा अत्यंत विशाल और समुद्र के अंदर तक फैले हुए होते है।

उदाहरण– नील नदी डेल्टा, गंगा नदी, राइन, नाइजर और होगहो नदी का डेल्टा इत्यादि।

B )पंखाकार डेल्टा (Bird-foot delta)

इस प्रकार के डेल्टा का निर्माण तब होता है, जब नदी अपने जल में बारिक कणो के रूप में मिट्टी और गाद को घोलकर अत्यंत वेग से समुद्र में प्रवेश करती है। नदी की प्रमुख धारा शाखाओं में बट जाती है, और यह शाखाएं अपने किनारों पर मिट्टी, गाद, कंकड़, पत्थर का जमाव करती जाती है, जो किसी पक्षी के पैर या मनुष्य की उंगलियों की आकृति के समान समुद्र के अंदर निर्मित होते हैं।

उदाहरण- मिसिसिपी नदी का डेल्टा

C ) ज्वारनदमुखी डेल्टा (Estuarian delta )

नदी के उस मुहाने को एशचुरी कहा जाता है जो समुद्र में डूबा हुआ होता है जब नदी एशचुरी में लंबे और सकरे आकार के भूभाग का निर्माण करती है तो उसे एशचुरीयन डेल्टा कहते हैं। यह समुद्र के अंदर लंबाई में हाथ आकृति में निर्मित होते हैं।

उदाहरण– नर्मदा और ताप्ती नदी का डेल्टा ओडर, ओब, एल्ब और सिन नदियों का डेल्टा।

D ) प्रगतिशील डाटा (Growing delta)

नदियों द्वारा बहा कर लाए गए अवसाद का जमाव जब नदी के मुहाने से समुद्र की ओर बढ़ता जाता है तो इस प्रकार के डेल्टा को प्रगतिशील डेल्टा कहा जाता है
उदाहरण– गंगा नदी का सुंदरवन डेल्टा मिसिसिपी नदी का डेल्टा आदि।

E ) परित्यक्त डेल्टा (Abandoned delta)

इस प्रकार के डेल्टा का निर्माण तब होता है, जब नदी अपने मुहाने से मार्ग बदलकर दूसरे अन्य किसी स्थान से समुद्र में गिरने लगती है, तो पुराना निर्मित डेल्टा परित्याग डेल्टा कहलाता है।
उदाहरण– होगहो नदी का डेल्टा।

F ) रुण्डित डेल्टा (Truucated delta)

जब किसी नदी की मुख्य धारा एवं उसकी वितरिकाओं (सहायक नदियां) द्वारा निक्षेपित अवसाद (नदियों द्वारा बहाकर लाये गए कंकर पत्थर मिट्टी) समुद्री लहरों और ज्वार भाटा द्वारा वहां लिया जाता है तब उसके मुहाने पर बनने वाली कटी फटी आकृति के डेल्टा को रुण्डित डेल्टा कहा जाता है
इस प्रकार के डेल्टा के प्रमुख उदाहरण है वियतनाम की होंग तथा संयुक्त राज्य अमेरिका की रायो ग्रैंडे नदियों का डेल्टा

G ) अवरोपित डेल्टा (Blocked delta)

जब किसी नदी का डेल्टा सागरी लहरों अथवा धाराओं द्वारा और अवरुद्ध (Blocked) कर दिया जाता है तब उसे अवरोधित डेल्टा कहते हैं।

H ) नौकादार डेल्टा (Boat Shaped delta)

जब किसी नदी द्वारा निक्षेपित अवसादी पदार्थ धाराओं और लहरों द्वारा समीपवर्ती क्षेत्रों में फैला दिया जाता है तब उसके आगे वाला भाग में वक्राकार डेल्टा बन जाता है इसे ही नौका दार डेल्टा कहते हैं दूर से यह नाव के आकार का दिखाई देता है टाइबर नदी का डेल्टा इसी प्रकार का डेल्टा है।

I ) एस्चुअरी (Estuary)

जब किसी नदी का मुहाना जलमग्न होता है तो वहां सागरीय लहरों और धाराओं द्वारा नदी के नीचे पदार्थ को बहा लिया जाता है तब डेल्टा का विकास नहीं हो पाता और नदी सीधे समुद्र में मिल जाती है इस प्रकार की स्थलाकृति को एस्चुअरी कहते हैं भारत में नर्मदा तथा ताप्ती नदियों का डेल्टा किसी प्रकार का है।

6) विश्व के कुछ प्रमुख डेल्टा :-

 i) गंगा नदी डेल्टा( सुंदरबन डेल्टा)

विश्व के सबसे बड़े इस डेल्टा का निर्माण बंगाल की खाड़ी में होता है जब गंगा और ब्रह्मपुत्र नदियां एक साथ मिलकर समुद्र में समाहित होती है।

यह डेल्टा विश्व का सबसे बड़ा डेल्टा है जो भारत और बांग्लादेश के मध्य 10110 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैला हुआ है।

अपने जैव विविधता और सुंदरी के वृक्षों के कारण यूनेस्को द्वारा विश्व धरोहर स्थलों में सम्मिलित किया गया है इस विशालकाय डेल्टा क्षेत्र में 100 से अधिक द्वीप हैं जो आपस में मिलकर इसे विशिष्ट जैव विविधता वाला क्षेत्र बनाते हैं ।

ii) नील नदी डेल्टा

भूमध्य सागर में मिलने से पहले कैरों में नील नदी मुख्यतः दो धाराओं में बट जाती है। दाएं तरफ की धारा मंजाला झील की ओर चली जाती है जिसके मुहाने पर स्वेज नहर का पोर्ट सईद स्थित है |

दूसरी तरफ वाली धारा अलेक्जेंड्रिया की ओर चली जाती है इन्हीं दोनों धाराओं के बीच नील नदी का विशालकाय डेल्टा स्थित है |

कैरों से आगे यह नदी और भी कई छोटी-छोटी धाराओं में बट जाती है नदी के मुहाने पर दो झीलों का निर्माण हुआ है 1) दुरुलस झील और 2) मंजाला झील।

नील नदी पर बने बांधों के कारण नदी के डेल्टा क्षेत्र में जीव विविधता पर संकट की स्थिति निर्मित हो गई है।

iii) मिसिसिपी नदी डेल्टा

संयुक्त राज्य अमेरिका के लूसियाना राज्य में निर्मित यह डेल्टा उस समय निर्मित होता है जब मिसीसिपी नदी मेक्सिको की खाड़ी में गिरती है

इस डेल्टा का विस्तार लगभग 8000 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैला हुआ है यह डेल्टा विश्व का सातवां सबसे बड़ा डेल्टा है।

F.A.Q.

Q 1 – डेल्टा किसे कहते हैं यह कैसे बनता है ?

Ans – जब नदियां समुद्र से मिलती हैं तो अपने साथ बहाकर लाई गई गाद, मिट्टी, कंकड़, पत्थर को समुद्र के मुहाने पर जमा करती जाती है, लंबे समय के बाद यही अवशेष एक आकार लेने लगता है जिसे डेल्टा कहा जाता है ।

Q 2 – डेल्टा क्या है समझाइए ?

Ans – समुद्र और नदियों के मिलन स्थल पर बनने वाले भू आकृति को डेल्टा कहा जाता है। डेल्टा नाम इसके आकार के कारण दिया गया है । ग्रीक अक्षर Δ (डेल्टा) से यह नाम लिया गया है जो इसके आकार का प्रतिनिधित्व करता है ।

सर्वप्रथम नील नदी के डेल्टा के लिए इस शब्द का प्रयोग हुआ और नील नदी के डेल्टा का आकार Δ (डेल्टा ) से लगभग मिलता-जुलता ही है।

Q 3 – भारत का सबसे बड़ा डेल्टा कौन सा है ?

Ans –  भारत ही नहीं बल्कि पूरे विश्व का सबसे बड़ा नदी डेल्टा सुंदरबन डेल्टा है जो भारत और बांग्लादेश के मध्य स्थित है।

Read More : नील नदी। उद्गम स्थल, सहायक नदियां,आर्थिक महत्व,

6 thoughts on “डेल्टा किसे कहते हैं | डेल्टा का निर्माण क्यों और कैसे होता है, डेल्टा के प्रकार, सुंदरबन डेल्टा |

  1. सुंदरबन डेल्टा । सुंदरबन डेल्टा स्थिति ,नदियां, क्षेत्रफल,आकार, आर्थिक महत्व। - News Next January 24, 2023 at 22:49

    […] देशों के मध्य फैले इस डेल्टा का संपूर्ण क्षेत्रफल लगभग 10100 वर्ग […]

    Reply
  2. नील नदी। उद्गम स्थल, सहायक नदियां,आर्थिक महत्व, डेल्टा - News Next January 30, 2023 at 22:41

    […] नदी डेल्टा […]

    Reply
  3. महासागर कितने हैं । - News Next February 6, 2023 at 10:50

    […] […]

    Reply
  4. सारगैसो सागर । Sargasso sagar सारगैसो सागर क्या है, विशेषताएं - News Next February 19, 2023 at 17:27

    […] […]

    Reply
  5. Jwar bhata kise kahate hain - News Next May 20, 2023 at 12:53

    […] Read More : डेल्टा किसे कहते हैं […]

    Reply
  6. गोदावरी नदी ।उद्गम स्थल,अपवाह क्षेत्र, सहायक नदियां, प्राचीन नाम, धार्मिक महत्व - News Next October 28, 2023 at 21:27

    […] वाली सभी प्रमुख नदियां बड़े आकार के डेल्टा का निर्माण करती है […]

    Reply

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *